रायपुर { वफादार साथी }|दास्तान ए वन विभाग - अब व्ही श्रीनिवास राव और एम आर साहू आमने सामने ,एम आर साहू वन विभाग के क्रांतिवीर हैं नाना पाटेकर जैसा, जो किसी से भी सच बात के लिए लड़ जाता हैं इन दिनों एम आर साहू ने व्ही श्रीनिवास राव के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है जो कि अदालत तक जायेगा, वन विभाग में व्ही श्रीनिवास राव ऐसे व
न अधिकारी हैं जो आरा मिल प्रकरण में सबसे पहले बरी होकर सी सी एफ दुर्ग बन गए।
चाहे ये वाली सरकार हो या वो वाली सभी में इनकी चलती हैं, "" बंगला टैक्स "" शब्द का ईजाद इन्होंने ही किया था, प्रधान मुख्य वन संरक्षक {सर्तकता / शिकायत } में 1 नवंबर 2000 से अभी तक आम नागरिकों के प्राप्त शिकायत को सब कुछ ठीक - ठाक हैं लिख कर नस्तीबद्ध कर दिया गया हैं।
मेरे कुछ महान बेईमान और भ्रष्ट वन विभाग के अधिकारी दोस्त मुझे कहते हैं कि हम लोग जो भी भ्रष्टाचार करते हैं उसका हर जवाब हमारे पास है, जिसको जहां शिकायत करना है कर देवे हम निपटने को तैयार हैं मेरे एक जिगरी वन विभाग का भ्रष्ट दोस्त मुझे डंके की चोट पर बताया कि हम लोगों ने यहां - यहां फर्जी प्रमाणक बना कर लाखों रुपए की राशि का आहरण किया है जावों जहां शिकायत करना है कर दो, कुछ नहीं उखाड़ पायेंगे और सच भी हैं।
एक और उदाहरण बताता हूं कटकवार सी सी एफ को रिटायरमेंट के बाद भी रायपुर वनमंडल से 1 लाख रुपए क्यों भुगतान किया गया हैं। वन मंडल बिलासपुर में ए पी ओ "Annual Plan of Operation" (वार्षिक कार्य योजना) वर्ष 2019- 20,2020- 21,2021- 22 में नरवा विकास योजना के तहत हुए कार्य का औचक निरीक्षण केदार कश्यप को करना चाहिए। वन मंडल बिलासपुर के जिन हाई टेक नर्सरी बनाया गया हैं उसके हाल का वीडियो जनता को दिखाया जाना चाहिए।
केदार कश्यप को जनता को ये भी बताना चाहिए कि उनकी सरकार बनने के बाद वनमंडल बिलासपुर को कितने कार्य विभागीय और कैंपा मद के स्वीकृत हुए और उसकी अभी क्या स्थिति है। वन मंडलाधिकारी, बिलासपुर वर्तमान में आरामिलों के निरीक्षण के लिए कब - कब कितने कितने बार कौन - कौन से आरा मिल गए थे उसकी जानकारी को जनता को बताए, क्या आरा मिल रात्रि को भी चालू हालत में बिलासपुर में देखा गया है। केदार कश्यप को कार्यालय वनमंडल बिलासपुर के लोकसेवकों को यह स्पष्ट निर्देश देना चाहिए कि कार्यालीन समय पर कोई भी लोकसेवक किसी भी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी नहीं करेगा अगर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करना है तो वे विधिवत अवकाश लेवे और अपने घर में बैठकर प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करें। सभी वन अधिकारियों को केदार कश्यप का सख्त आदेश होना चाहिए कि विद्वान सूचना आयुक्त माननीय आलोक चंद्रवंशी जी के आदेश का C/2231/2023 पालन करना चाहिए। { फोटो में प्रदर्शित हैं }
लेखक -अनिल कुमार अग्रवाल, रायपुर, छत्तीसगढ़
